मंथन- पंचनद : दैशिक शास्त्र (12)
[caption id="attachment_60686" align="alignleft" width="155"] पार्थसारथि थपलियाल[/caption] पार्थसारथि थपलियाल विचार मंथन का उद्देश्य होता है हमें जो मार्ग पकड़ना है उस पर चलने से पहले हम विवेकपूर्ण चिंतन कर उस विचार...
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