पहचानिए कौन है यह शख्स?
[caption id="attachment_61893" align="alignleft" width="105"] त्रिदीब रमण [/caption] त्रिदीब रमण ’न जाने कितनी आंखों में नश्तर सा चुभता है तू सज़रे-बहारा में क्या ईंट-पत्थर सा रहता है तू’ कहते हैं नाम में...
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