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अमेरिकी राजदूत ने भारतीयों की प्रतिभा का माना लोहा, हल्के-फल्के अंदाज में बोले, अमेरिका में सीईओ बनने के लिए भारतीय होना जरूरी

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 29अप्रैल। इससे पहले दिल्ली में आयोजित एक इवेंट में राजदूत एरिक गार्सेटी ने भारत की तारीफ करते हुए कहा था कि अगर आप भविष्य देखना चाहते हैं तो भारत आइए। यहां रहना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।

दुनिया की इन बड़ी कंपनियों के बॉस है भारतीय

◆ सुंदर पिचाई गूगल और एल्फाबेट के सीईओ
◆ माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्य नडेला
◆ पेप्सिको फूड्स के सीईओ विवेक शंकरन
◆ संजय मेहरोत्रा माइक्रोन टेक्नोलॉजी कंपनी के प्रेसिडेंट
◆ अजयपाल बंगा विश्व बैंक के प्रेसिडेंट
◆ शांतनु नारायण एडोब इंक के चेयरमैन
◆ सोनिया स्यंगल गैप इंक की सीईओ
◆ पद्म श्री वॉरियर फेबल की संस्थापक और सीईओ
◆ विक्रम पंडित अरोजेन ग्रुप के सीईओ औ चेयरमैन

अमेरिकी राजदूत एरिक गार्सेटी ने हल्के फुल्के अंदाज में कहा कि पहले ऐसा कहा जाता था कि यदि आप भारतीय हैं तो आप अमेरिका में सीईओ नहीं बन सकते हैं। मगर अब इसके विपरीत लोग ऐसा बोलते हैं कि अगर आप भारतीय नहीं हैं तो आप अमेरिका में सीईओ नहीं बन सकते।

■ भारत में अमेरिकी राजदूत एरिक गार्सेटी ने भारतीयों की प्रतिभा का लोहा मानते हुए कहा है कि निश्चित तौर पर भारतीयों ने सफलता हासिल की है।
■ आज फॉर्च्यून 500 कंपनियों की लिस्ट में अगर 10 कंपनियों की बात करें तो उसमें 1 से ज्यादा कंपनियां ऐसी हैं जिनके सीईओ वो भारतीय अप्रवासी हैं, जिन्होंने अमेरिका में पढ़ाई की है।
■ अमेरिकी राजदूत एरिक गार्सेटी ने कहा कि चाहे वह गूगल हो, माइक्रोसॉफ्ट हो, स्टारबक्स हो, या ऐसी और भी कई कंपनियां जहां भारतीय मूल के लोगों ने आकर बड़ा बदलाव ला दिया है।
■ फॉर्च्यून पत्रिका द्वारा तैयार की जाने वाली वाली फॉर्च्यून 500 सबसे बड़ी अमेरिकी कंपनियों में से 500 की एक सालाना लिस्ट है जो उनके संबंधित वित्तीय वर्षों के कुल राजस्व के आधार पर तैयार की जाती है। फॉर्च्यून 500 में होना किसी भी कंपनी के लिए बहुत प्रतिष्ठा की बात होती है।
■ नई शिक्षा नीति का प्रभाव इस साल दिखाई देगा। अगस्त तक डिजिटल यूनिवर्सिटी के शुरू होने और विदेशी शैक्षणिक संस्थानों के भारत में कैंपस खुलने की राह से शहर से गांव तक के छात्रों को विश्वस्तरीय शिक्षा मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि कुछ सालों में भारतीय शिक्षा विश्वव्यापी होगी।
■ भारत में खुली पहली विदेशी यूनिवर्सिटी में एडमिशन के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया है. ऑस्ट्रेलिया की वोलोंगोंग यूनिवर्सिटी का कैंपस गुजरात के गांधीनगर स्थित गिफ्ट सिटी (GIFT City) में खुला है.
■ यूनिवर्सिटी ने जुलाई 2024 से मास्टर ऑफ कंप्यूटिंग (डेटा एनालिटिक्स) और कंप्यूटिंग प्रोग्राम में ग्रेजुएट सर्टिफिकेट कोर्स शुरू करने का ऐलान किया है. इन कोर्स में एडमिशन के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू हो गई है.

राजदूत एरिक गार्सेटी ने कहा कि हम उन भारतीयों की संख्या को लेकर उत्साहित हैं जो व्यवसाय या पढ़ाई के लिए अप्रवासी वीजा लेकर अमेरिका आते हैं। इससे पहले दिल्ली में आयोजित एक इवेंट में एरिक ने भारत की तारीफ करते हुए कहा था कि अगर आप भविष्य देखना चाहते हैं तो भारत आइए। यहां रहना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।

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