We love to bring to life as a developer and I aim the today do this using whatever front end tools of the necessary.

Quick Contact:

Live News

We love to bring to life as a developer and I aim the today do this using whatever front end tools of the necessary.

Quick Contact:

Global Governance News- Asia's First Bilingual News portal for Global News and UpdatesBlogभारतकेंद्र सरकारआत्मनिर्भर भारतः नई दिल्ली में राजनाथ सिंह की उपस्थिति में एचएएल से 70 एचटीटी-40 बेसिक प्रशिक्षण विमान तथा एलएंडटी से तीन कैडेट प्रशिक्षण जहाजों की खरीद के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए

आत्मनिर्भर भारतः नई दिल्ली में राजनाथ सिंह की उपस्थिति में एचएएल से 70 एचटीटी-40 बेसिक प्रशिक्षण विमान तथा एलएंडटी से तीन कैडेट प्रशिक्षण जहाजों की खरीद के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 7 मार्च। रक्षा मंत्रालय ने 7 मार्च, 2023 को नई दिल्ली में रक्षा मंत्री  राजनाथ सिंह की उपस्थिति में क्रमशः 70 एचटीटी-40 बेसिक प्रशिक्षण विमान तथा 3 कैडेट प्रशिक्षण जहाजों की खरीद के लिए हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड(एचएएल) तथा लार्सन एंड टूब्रो लिमिटेड(एलएंडटी) के साथ अनुबंध पर हस्ताक्षर किए। अनुबंध पर हस्ताक्षर और आदान-प्रदान के दौरान रक्षा सचिव श्री गिरधर अरमने, रक्षा मंत्रालय के वरिष्ठ सिविल और सैन्य अधिकारी तथा एचएएल और एलएंडटी के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के सरकार के प्रयासों को बढ़ावा देने के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 1 मार्च, 2023 को एचएएल से 6,800 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से 70 एचटीटी-40 बेसिक ट्रेनर विमानों की खरीद को मंजूरी दी थी। मंत्रिमंडल ने एलएंडटी से 3,100 करोड़ रुपए से अधिक के 3 कैडट प्रशिक्षण जहाजों के अधिग्रहण के लिए एलएंडटी के साथ करार पर हस्ताक्षर करने को भी मंजूरी दी थी।

एचटीटी-40 ट्रेनर एयरक्राप्ट
एचटीटी-40 एक ट्रबो प्रॉप विमान है, जिसमें अच्छी कम गति के हैंडलिंग गुण हैं और यह विमान बेहतर प्रशिक्षण प्रभाव प्रदान करता है। पूरी तरह से एयरोबेटिक सीट ट्रबो ट्रेनर में वातानुकूलित कॉकपिट, आधुनिक एवियोनिक्स, हॉट री-फ्यूलिंग, रनिंग चेंज ओवर और जीरो-जीरो एविक्सन सीटें हैं।

यह विमान नए पायलटों के प्रशिक्षण के लिए भारतीय वायुसेना के मौलिक प्रशिक्षण विमानों की कमी पूरा करेगा। खरीद में सिमुलेटर सहित संबंधित उपकरण और प्रशिक्षण सहायता शामिल होगी। एक स्वदेशी समाधान होने के नाते यह विमान भारतीय सशस्त्र बलों की भविष्य की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए उन्नयन के लिए कन्फीगर करने योग्य है। विमान की आपूर्ति 6 वर्ष की अवधि में की जाएगी।

Related Post

Tags