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अधिकारों के प्रति जागरूकता, युवाओं के क्षमता के सदुपयोग से ही आदिवासी समाज का होगा उत्थान : राज्यपाल उइके

समग्र समाचार सेवा
रायपुर, 27अक्टूबर। राज्यपाल अनुसुईया उइके अपने छिंदवाड़ा प्रवास के दौरान आज युवा जनजाति प्रतिभा सम्मान एवं सामाजिक मिलन समारोह में शामिल हुई। इस अवसर पर उन्होंने समाज के प्रतिभावान युवाओं का उत्साहवर्धन कर उन्हें सम्मानित किया।

कार्यक्रम में राज्यपाल सुश्री उइके ने सम्मानित युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि युवाओं के हौसले और उपलब्धियों से जनजातीय समाज को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने कहा कि अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता, संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन तथा युवाओं के क्षमता के सदुपयोग से ही आदिवासी समाज का उत्थान होगा और युवाओं के सशक्त नेतृत्व से वे मुख्यधारा से शीघ्र जुड़ पाएंगे।

राज्यपाल ने कहा कि संविधान में आदिवासी समुदायों को अनेकों अधिकार दिए गए हैं, लोगों को इन प्रावधानों की जानकारी अवश्य होनी चाहिए ताकि वे अपने हितों की रक्षा स्वयं कर सकें। उन्होंने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आज जनजातीय समाज को गौरवान्वित होने का अवसर मिला है और एक आदिवासी महिला सर्वोच्च पद पर आसीन होकर देश की राष्ट्रपति बनी हैं। इस बदलाव से जनजातीय समाज को एक सशक्त आवाज और नई पहचान मिली है।आदिवासी महिला के राष्ट्रपति बनने से जनजातीय समुदाय की बेटियों और महिलाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलने की बात उन्होंने कही।

राज्यपाल सुश्री उइके ने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ की कुछ जनजातियों के नाम में मात्रात्मक त्रुटि के कारण उन्हें शासकीय योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा था। प्रधानमंत्री श्री मोदी जी की पहल से छत्तीसगढ़ के 12 समुदायों को अनुसूचित जनजाति में शामिल करने हेतु केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा स्वीकृति दी गई है।

उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को आगे बढ़ने के लिए शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। शिक्षा अधिकारों के प्रति जागरूक करती है और आप अपने हितों का संरक्षण कर पाते हैं। आदिवासी समाज की बेहतरी के लिए शासकीय प्रयासों के साथ-साथ समाज के लोगों की भी प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग की आवश्यकता होगी। राज्यपाल ने अंत में कहा कि इस कार्य में सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा प्रबुद्धजनों को अपनी भूमिका निभानी होगी।

इस अवसर पर डॉ. दीपेंद्र सल्लामे, डॉ. रजनीकांत परते, सुश्री माधुरी भलावी सहित आदिवासी समाज के प्रबुद्धजन बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे।

छत्तीसगढ़ की राज्यपाल सुश्री उइके ने सर्किट हाऊस में की आमजनों व जनप्रतिनिधियों से की मुलाकात
छिंदवाड़ा। छत्तीसगढ़ की राज्यपाल सुश्री अनुसुइया उइके ने बुधवार को सर्किट हाऊस में जनप्रतिनिधियों व आम लोगों से मेल मुलाकात की। जिले भर से आए जनप्रतिनिधियों ने उनसे मुलाकात की। लोग व्यक्तिगत तौर पर भी बड़ी संख्या में अपनी समस्याओं के आवेदन लेकर पहुंचे। दुर्गावाहिनी की महिलाओं, रेलवे से जुड़े संगठन, अधिकारियों और कर्मचारियों के संगठनों, आदिवासी संगठन के लोग सामूहिक तौर पर मुलाकात व चर्चा के लिए पहुंचे। वहीं चौरई के पूर्व विधायक पंडित रमेश दुबे, भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष ठाकुर दौलत सिंह, पूर्व महापौर कांता योगेश सदारंग, नगरनिगम में नेता प्रतिपक्ष विजय पांडे समेत पांढुर्ना, सौंसर, जुन्नारदेव, दमुआ और परासिया से आए जनप्रतिनिधियों व आमजनों ने सुश्री अनुसुइया से मुलाकात की। समस्याओं के आवेदन लेकर पहुंचे लोगों के आवेदनों को स्वीकार कर सुश्री उइके ने उचित निराकरण का आश्वासन दिया। दोपहर २ बजे से शाम साढ़े ५ बजे तक मेल मुलाकात का दौर जारी रहा।

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