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Global Governance News- Asia's First Bilingual News portal for Global News and UpdatesBlogभारतकेंद्र सरकारशनिवार को शहरी सहकारी बैंकों के अम्ब्रेला संगठन, नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NUCFDC) का उद्घाटन करेंगे गृहमंत्री अमित शाह

शनिवार को शहरी सहकारी बैंकों के अम्ब्रेला संगठन, नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NUCFDC) का उद्घाटन करेंगे गृहमंत्री अमित शाह

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 1 मार्च। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह शनिवार, 2 मार्च को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में शहरी सहकारी बैंकों के अम्ब्रेला संगठन, नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NUCFDC) का उद्घाटन करेंगे।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह के मार्गदर्शन मेंभारत को ‘आत्मनिर्भर’ बनाने और ‘सहकार से समृद्धि’ के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए इस अम्ब्रेला संगठन की स्थापना एक औरमील का पत्थर साबित होगी। इस पहल का उद्देश्य भारत में शहरी सहकारी बैंकिंग क्षेत्र को आधुनिक बनाना और सशक्त करना है, जिससे बैंकों और उनके ग्राहकों दोनों को लाभ होगा।

NUCFDC को गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (NBFC) के रूप में कार्य करने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) से पंजीकरण प्रमाणपत्र (COR) प्राप्त हुआ है, जिससे इस अम्ब्रेला संगठन को शहरी सहकारी बैंकिंग क्षेत्र के लिए एक स्व-नियामक संगठन (SRO) के रूप में कार्य करने की अनुमति दी जाएगी।

इस अम्ब्रेला संगठन की स्थापना से सहकारी बैंकों के लिए विशेष कार्य और सेवाएं सुनिश्चित होंगी, बैंकों और नियामकों के बीच संचार की सुविधा मिलेगी और शहरी सहकारी बैंकों के सामने आने वाली चुनौतियों, जैसे पुरानी प्रौद्योगिकी प्लेटफार्मों और सीमित सेवा पेशकशों इत्यादि का समाधान होगा।

शहरी सहकारी बैंकिंग क्षेत्र का अपना एक संगठन होगा जो शहरी बैंकों को निधि आधारित और गैर-निधि आधारित सहायता की सुविधाएं प्रदान करेगा, जिस पर लगभग दो दशकों से चर्चा चल रही थी। NUCFDC का लक्ष्य पूंजी जुटाकर 300 करोड़ रुपये के पूंजी आधार तक पहुंचना है।यह पूंजी जुटाने के लिए सभी शहरी सहकारी बैंकों सहित विभिन्न हितधारकों के साथ चर्चा चल रही है। इस पूंजी का उपयोग शहरी सहकारी बैंकों को समर्थन देने और सेवा पेशकशों में सुधार और लागत कम करने के लिए एक साझा प्रौद्योगिकी मंच विकसित करने में किया जाएगा।

अम्ब्रेला संगठन, तरलता और पूंजी समर्थन की पेशकश के साथ साथ एक प्रौद्योगिकी मंच स्थापित करेगा जिसे सभी UCB द्वारा साझा किया जा सकता है, जिससे उन्हें अपेक्षाकृत कम लागत पर अपनी सेवाओं की सीमा का विस्तार करने में मदद मिलेगी। यह फंड प्रबंधन और अन्य परामर्श सेवाएं भी प्रदान कर सकता है।

वर्तमान में, भारत में 1,500 से अधिक अनुसूचित और गैर-अनुसूचित शहरी सहकारी बैंक हैं जिनकी कुल शाखाओं की संख्या 11,000 से अधिक है। इन बैंकों के पास 5.33 लाख करोड़ रुपये से अधिक की जमा राशि है। साथ ही इनके द्वारा 3.33 लाख करोड़रुपये से अधिक का ऋण वितरण किया गया है। इनमें से कई बैंक पुराने प्रौद्योगिकी प्लेटफार्मों पर काम करते हैं, जिससे उनके लिए आधुनिक बैंकिंग सेवाएं प्रदान करना मुश्किल हो जाता है।

NUCFDC का हिस्सा बनकर, अधिकांश बैंक नई तकनीक में अपग्रेड करने और नए उत्पादों और सेवाओं की पेशकश करने में सक्षम होंगे। यह अम्ब्रेला संगठन जमीनी स्तर पर सकारात्मकता लाकर पूरे देश में सहकारी बैंकों को सशक्त बनाने की दिशा में कार्य करेगा।

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