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Global Governance News- Asia's First Bilingual News portal for Global News and UpdatesBlogभारतकेंद्र सरकारदेश की जनता जी-20 की भारत की अध्यक्षता को बहुत हर्ष, खुशी और गर्व के साथ ग्रहण कर रही है: ब्रिगेडियरडॉ. बी.डी. मिश्रा

देश की जनता जी-20 की भारत की अध्यक्षता को बहुत हर्ष, खुशी और गर्व के साथ ग्रहण कर रही है: ब्रिगेडियरडॉ. बी.डी. मिश्रा

समग्र समाचार सेवा
लेह , 28अप्रैल। वाई20 प्री-समिट का उद्घाटन सत्र लेह स्थित सिन्धु संस्कृति केन्द्र में आयोजित किया गया। इस सत्र का उद्घाटन लेह-लद्दाख के उपराज्यपाल ब्रिगेडियर (डॉ.) बी.डी. मिश्रा (सेवानिवृत्त) द्वारा किया गया। इस कार्यक्रम में ताशी ग्यालसन, मुख्य कार्यकारी पार्षद; जामयांग त्सेरिंग नामग्याल, सांसद, लद्दाख; उमंग नरूला, उपराज्यपाल के सलाहकार; मीता राजीवलोचन, सचिव (युवा कार्यक्रम); नागराज नायडू काकनूर, संयुक्त सचिव, विदेश मंत्रालय; और अनमोल सोवित, वाई20 के अध्यक्ष भी उपस्थित थे।

लेह-लद्दाख के उपराज्यपाल ब्रिगेडियर (डॉ.) बी.डी. मिश्रा (सेवानिवृत्त) ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जी20 की परिकल्पना साकार हुई। उन्होंने यह भी कहा कि इस देश के युवा बुद्धिमान, प्रतिबद्ध, समर्पित हैं और आगे का रास्ता जानते हैं। वे अपनी क्षमताओं के कारण देश का भविष्य हैं। उन्होंने लद्दाख के लोगों की ओर से समुद्र तल से 11000 फीट की ऊंचाई पर स्थित भारत के सबसे ऊंचे मिलन स्थल पर आयोजित इस समिट में शामिल होने वाले सम्मानित प्रतिनिधियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि भारत में “अतिथि देवो भव” की भावना का पालन किया जाता है और हम अपने अतिथि को भगवान के रूप में मानते हैं। इस देश के लोग जी-20 की भारत की अध्यक्षता को बहुत हर्ष, प्रसन्नता और गर्व के साथ ग्रहण कर रहे हैं। उन्होंने जी-20 देशों के प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए प्रसन्नता व्यक्त की और कहा, “आपकी यह यात्रा न केवल स्वागत योग्य है, बल्कि यह हमारे पूरे देश और इस देश में रहने वाले सभी लोगों, चाहे वह किसी भी सामाजिक स्तर, आर्थिक गतिविधियों, भावनात्मक स्तर या औपचारिक अवसरों से जुड़ा हो, के लिए भी लाभदायक है।” उन्होंने अतिथि प्रतिनिधियों को लद्दाख की जीवन शैली से परिचित कराने हेतु लद्दाख की संस्कृति, भोजन और परंपराओं पर प्रकाश डाला। इनमें लद्दाख के पहाड़ी परिदृश्यों की सुंदरता, शिशुओं के लिए आंगनवाड़ी या आंगन आश्रय, लद्दाखी महिलाओं के स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित हस्तकला एवं हथकरघा, पश्मीना ऊन, लकड़ी की नक्काशी, लद्दाख की बागवानी विरासत के हिस्से के रूप में खुबानी, सी बकथॉर्न, आइस-हॉकी और आइस क्लाइम्बिंग, आइस स्केटिंग, स्कीइंग एवं फ्रोजेन लेक मैराथन आदि जैसी शीतकालीन खेल गतिविधियां शामिल हैं।

उन्होंने पारंपरिक पोशाक पहने और घोड़ों की सवारी करने वाले खिलाड़ियों के साथ दुनिया भर में शीर्ष पर पहुंचे पोलो के बारे में भी चर्चा की, जो लद्दाख की बेजोड़ पहचान है। कार्बन उत्सर्जन को शून्य के स्तर तक पहुंचाने की दिशा में उठाए गए एक कदम के बारे में उपराज्यपाल ने कहा कि सरकार ई-वाहनों को अपनाने, आधुनिक ऊर्जा कुशल ग्रीनहाउस का निर्माण करने और जल जीवन मिशन का समर्थन करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है।

अपने संबोधन में युवा कार्य विभाग में सचिव मीता राजीवलोचन ने कहा, “सभी युवा उन विषयों पर बहस करेंगे जो मानवता के भविष्य के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं; चाहे वह कार्य का भविष्य, जलवायु परिवर्तन, शांति निर्माण और सुलह, लोकतंत्र और शासन में युवा या हेल्थ एंड वैलनेस हो। इनमें से प्रत्येक विषय का हम पर प्रभाव पड़ रहा है और भविष्य में भी पड़ेगा।” उन्होंने सभा में उपस्थित युवाओं को प्रेरित करते हुए यह भी कहा, “आप वर्तमान हैं; आप भविष्य भी हैं। युवा आज भारत और दुनिया भर में कई तरह से घटनाक्रम के उतार-चढ़ाव का प्रत्यक्ष मार्गदर्शन कर रहे हैं; चाहे वह राजनीति हो, व्यवसाय हो, शिक्षा हो, अनुसंधान हो- हम देखते हैं कि युवा आगे बढ़कर नेतृत्व कर रहे हैं। और भारत में, हम इसे किसी अन्य की तुलना में अधिक देखते हैं।”

अपने संबोधन में नागराज नायडू काकानूर ने कहा कि युवा लोग जलवायु संकट से उत्पन्न चुनौतियों और जोखिमों और जलवायु महत्वाकांक्षा और जलवायु कार्रवाई के माध्यम से सतत विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने के अवसर के बारे में तेजी से जागरूक हो रहे हैं। जलवायु के मुद्दे पर दुनिया भर में युवाओं की अभूतपूर्व लामबंदी निर्णय लेने की उनकी विशाल शक्ति को दर्शाती है।

यूथ20 सचिवालय के अध्यक्ष अनमोल सोवित ने अपनी प्रारंभिक टिप्पणी में कहा कि भारत अपनी समृद्ध संस्कृति, क्षेत्रीय विविधता के साथ-साथ अपने भौगोलिक इलाकों के लिए भी प्रसिद्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि इस बार जब भारत जी20 की अध्यक्षता कर रहा है तो यह उस भूमिका को प्रदर्शित करता है जो भारत को अपनी बड़ी युवा आबादी के साथ निभानी है।

जी20 राष्ट्रों के प्रतिनिधियों के प्रमुख को लद्दाख के उपराज्यपाल द्वारा केंद्रशासित प्रदेश लद्दाख के प्रशासन की ओर से स्मारिका उपहार के साथ सम्मानित किया गया।

भारतीय राष्ट्रीय युवा विज्ञान अकादमी (आईएनवाईएएस) की टीम द्वारा ‘हेल्थ एंड वेलबीइंग- इंडियन पर्सपेक्टिव’ विषय पर आधारित एक सत्र आयोजित किया गया, जिसमें मॉडरेटर के रूप में प्रो. राजेंद्र एस. ढाका, डॉ. प्रदीप बनंदूर, डॉ. पंकज बराह, डॉ. कल्पना नागपाल, डॉ. धीरज भाटिया, डॉ. रिगज़िन समनला, डॉ. शालिनी आर्य और डॉ. शरणजीत धवन शामिल थे। सत्र के बाद युवा प्रतिनिधियों के साथ एक संवादात्मक सत्र आयोजित किया गया जहां पैनलिस्टों द्वारा उनकी चिंताओं और प्रश्नों का समाधान किया गया।

यूथ20 के विषयों में से एक, ‘जलवायु परिवर्तन और आपदा जोखिम में कमी: स्थिरता को जीवन का एक तरीका बनाना’ के आधार पर, यूथ20 प्री-समिट के पूर्ववर्ती कार्यक्रम में, केंद्रशासित प्रदेश लद्दाख के उच्च शिक्षा विभाग द्वारा शैक्षिक परिसर में स्थिरता को बढ़ावा देने के लिए एक सस्टेनेबल केंपस चैलेंज का आयोजन किया गया था। सस्टेनेबल कैंपस चैलेंज 2023 के लिए युवा पुरस्कार विजेताओं को माननीय एलजी, लद्दाख द्वारा सम्मानित किया गया। गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज, कारगिल की टीम को उनकी प्रस्तावित परियोजना ‘रीसायकल, रिड्यूस एंड रियूज; कॉलेज में स्टेशनरी वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम’ के लिए प्रथम पुरस्कार प्रदान किया गया। टीम में फरजाना, सईदा बानो, आसिया बतूल और कनीज फातिमा शामिल थीं।

यूथ20 विषयों पर आधारित बातचीत और विचार-विमर्श के लिए 5 समानांतर तकनीकी सत्र आयोजित किए गए:

1.साझा भविष्य: लोकतंत्र और शासन में युवा
2.काम का भविष्य: उद्योग 4.0, नवाचार और 21वीं सदी के कौशल।
3.जलवायु परिवर्तन और आपदा जोखिम में कमी: स्थिरता को जीवन का एक तरीका बनाना
4.शांति निर्माण और सुलह: युद्ध रहित युग की शुरुआत
5.स्वास्थ्य, भलाई और खेल: युवाओं के लिए एजेंडा

भारत ने 1 दिसंबर, 2022 को 1 वर्ष की अवधि के लिए यानी 30 नवंबर, 2023 तक जी20 की अध्यक्षता ग्रहण की है। इसकी अध्यक्षता के लिए भारत का विषय ‘वसुदेव कुटुम्बकम’ की सभ्यतागत मूल्य प्रणाली में निहित है। इसलिए हमारी थीम – ‘एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य’ है।

जी20 अध्यक्षता की संरचना के तहत, भारत सरकार के युवा कार्य एवं खेल मंत्रालय के युवा कार्य विभाग, युवा 20 (यूथ20) समूह की यूथ20 प्री-समिट 26 से 28 अप्रैल तक लेह में आयोजित की जाती है ताकि युवाओं को एक बेहतर कल और कार्रवाई के लिए एक एजेंडा तैयार करने हेतु अवधारणाओं के बारे में परामर्श दिया जा सके। मौजूदा तीन-दिवसीय यूथ20 प्री-समिट में लेह, लद्दाख में जी20 देशों के 100 से अधिक युवा प्रतिनिधियों ने भाग लिया है।

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